हाल में ही सीबीआई कोर्ट देहरादून के बाहर एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रही है जिसमें उर्मिला सनावर के द्वारा मीडिया के कैमरे और माइक के सामने भाजपा के वरिष्ठ नेता बी ल संतोष व एक महिला आरती गॉड और एक राज्य के गवर्नर को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक व मानहानि कारक व्यक्तिगत आरोप बिना किसी न्यायलय का आदेश या प्रमाण के लगाकर संबंधित व्यक्तियों सहित उत्तराखंड राज्य के लोगों के लिए सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा सकता है और ऐसी वीडियो के प्रसार होने से समाज में ब्रह्म , आक्रोश और व वैमनस्य फैलने की आशंका होने को देखते हुए उक्त वीडियो को रोके जाने की मांग की गई है इस संबंध में हरिद्वार के अरुण भदोरिया एडवोकेट, कमल भदोरिया एडवोकेट, चेतन भदोरिया LLB अध्ययनरत ने निवासी जगजीतपुर ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद हरिद्वार को प्रार्थना पत्र देकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है प्रार्थना पत्र में जानकारी दी गई है.
उर्मिला सनावर द्वारा देहरादून में सीबीआई न्यायालय के सामने वर्तमान सरकार को गिराने के प्रयास किए जाने संबंधी भी बयान दिया था उसे बयान को दिलवाने वाले व्यक्ति या इस संबंध में फंडिंग करने वाले व्यक्ति की भी जांच कराई जाए क्योंकि यह हर वीडियो में महिलाओं का अपमान करना, और भाजपा के नेताओं पर झूठे व मनगढ़ंत आरोप लगाकर ज्वालापुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा से टिकट लेने का ख्वाब लेना जो एक अत्यंत घृणित, ब्लैकमेलिंग दबाव बनाकर वीडियो को वायरल करना ही यह इसका काम रह गया है अभिनेत्री उर्मिला सनावर जो अपने आप को फिल्म अभिनेत्री बताकर प्रसारित करती है इसकी भी जांच कराई जाए की उर्मिला सनावर के द्वारा कोई फिल्म भी बनाई गई है या नहीं ।

अंकिता भंडारी हत्याकांड के मामले को संवेदनशील बताते हुए प्रार्थना पत्र में यह भी लिखा गया कि उत्तराखंड पुलिस के द्वारा गहराई से जांच हुई चारजसीट लगाई जाकर न्यायालय में उचित पैरवी कर अभियुक्तो को सजा करवाई गई जो की लगातार जेल में बंद है और उनका रिजॉर्ट्स भी पूर्ण रूप से बंद कर दिया गया उर्मिला सनावर के द्वारा सुरेश राठौड़ पूर्व विधायक को अपना पति कहना तो इस नाते से इन दोनों की आपस में हुई बातचीत को एक आधार बनाकर रिकॉर्डिंग की गई और रिकॉर्डिंग के आधार पर जब इन दोनों के आपसी संबंध खराब हो गए तो षड्यंत्र के तहत बनाई गई रिकॉर्डिंग के आधार पर भाजपा के वरिष्ठ उच्च नेताओं के विरुद्ध उर्मिला सनावर के द्वारा वीआईपी के रूप में प्रसारित किया गया जिसकी वर्तमान में सीबीआई द्वारा जांच भी की जा रही है उर्मिला सनावर के द्वारा आरती गॉड पूर्व जिला पंचायत सदस्य के विरुद्ध अपमानजनक ,महिलाओंको प्रताड़ित करने वाला बयान देहरादून में दिया है जो उनकी निजता को भी भंग करता है उर्मिला सनावर के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करने की अपने प्रार्थना पत्र में मांग की गई है ।