जिला पंचायत की बैठक में सदस्य अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़े गंभीर जनसमस्याओं को अधिकारियों के सामने रख रहे थे. ये सभी सदस्य जनसमस्याओं के समाधान की उम्मीद कर रहे थे. इसके उलट बैठक के दौरान पर्यटन अधिकारी मोबाइल पर ताश का गेम खेलते हुए नजर आए. अधिकारी के मोबाइल में गेम खेलने का वीडियो भी सामने आया है. जिसके बाद अधिकारी की कार्यशैली और बैठक के प्रति गंभीरता पर सवाल उठने लगे हैं.
जिला पंचायत बैठक में जनप्रतिनिधि सड़क, पानी, स्वास्थ्य और अन्य जनसमस्याओं को लेकर अधिकारियों का ध्यान आकर्षित कर रहे थे. ऐसे समय में संबंधित अधिकारी का मोबाइल फोन पर गेम खेलने में व्यस्त नजर आना जिला पंचायत की बैठक की गरिमा और अधिकारियों की जवाबदेही को लेकर सवाल खड़े करता है. अब सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या महत्वपूर्ण बैठकों के दौरान अधिकारियों की ऐसी लापरवाही पर कोई जवाबदेही तय होगी?
जिला पंचायत सदस्य पूनम कैंतुरा ने अधिकारी के इस रवैये को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया है. उन्होंने कहा बैठक के दौरान अधिकारियों के इस तरह के वीडियो सामने आना यह दर्शाता है कि जनता की समस्याओं को लेकर अधिकारी कितने गंभीर हैं. उन्होंने पर्यटन अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. पूनम कैंतुरा का कहना है कि ऐसे मामलों में कार्रवाई होना जरूरी है, ताकि अन्य अधिकारियों के लिए भी यह स्पष्ट संदेश जाए कि जिला पंचायत जैसी महत्वपूर्ण बैठकों में जनप्रतिनिधियों और जनता से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से लेना उनकी जिम्मेदारी है.
वहीं, मामले में मुख्य विकास अधिकारी अशोक जोशी ने कहा उन्हें इसकी जानकारी मिली है. इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. जिसमें जिला पर्यटन अधिकारी मोबाइल में गेम खेलते हुए नजर आ रहे हैं. उन्होंने कहा कि कोई भी अधिकारी बैठक के दौरान इस तरह से मोबाइल का प्रयोग करता है वह सही नहीं है. इस पूरे मामले की जांच की जाएगी. जांच पूर्ण होने के बाद आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी.