आगामी 30 अप्रैल को गंगोत्री धाम के कपाट अक्षय तृतीया पर 6 माह के लिए श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे. तीर्थपुरोहितों ने आज जिला मुख्यालय में नवरात्र के अवसर पर यह दिन निकाला. तीर्थ पुरोहितों ने कहा गंगा जी की विग्रह डोली 29 अप्रैल को मुखबा से रवाना होगी. 30 अप्रैल को सुबह गंगोत्री पहुंचने पर सुबह शुक्ल पक्ष में सुबह 10 बजकर 30 मिनट पर विधिविधान के साथ मंदिर के कपाट खोल दिए जाएंगे.
चैत्र माह प्रतिपदा और हिन्दू नववर्ष के अवसर पर गंगोत्री धाम मंदिर समिति की ओर से गंगोत्री धाम के कपाटोद्धाटन की तिथि और समय निश्चित कर लिया गया है. समिति के सचिव सुरेश सेमवाल ने बताया पंचांगों के अनुसार अक्षय तृतीया पर 30 अप्रैल को शुक्ल पक्ष बैशाख को मां गंगा के कपाट 6 माह के लिए खोल दिए जाएंगे. गंगोत्री धाम के कपाट खुलते ही इस वर्ष की चारधाम यात्रा का आगाज हो जाएगा. मां गंगा की विग्रह डोली शीतकाली प्रवास मुखबा गांव से 29 अप्रैल को दोपहर में विधिवत पूजा पाठ के साथ गंगोत्री धाम के लिए रवाना होगी. मां गंगा विग्रह डोली पैदल करीब 15 किमी दूरी पर स्थिति भैरो घाटी में भैरव मंदिर पहुंचेगी.
रात्रि विश्राम के बाद 30 अप्रैल को सुबह गंगोत्री धाम के लिए रवाना होगी. वहां पर निश्चित समय और विधान के अनुसार गंगोत्री धाम के कपाट सुबह 10 बजकर 30 मिनट पर श्रद्धालुओं के लिए 6 माह के लिए खोल दिए जाएंगे. यमुनोत्री धाम के कपाट भी अक्षय तृतीय के अवसर पर खुलेंगे. वहीं यमुनोत्री मंदिर समिति के कोषाध्यक्ष प्रदीप उनियाल ने बताया यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने का समय आगामी 3 अप्रैल को यमुना जंयती के अवसर पर निश्चित किया जाएगा.