देहरादून के डोईवाला स्थित लच्छीवाला टोल प्लाजा को हटाए जाने का मुद्दा तूल पकड़ने लगा है. टोल प्लाजा हटाने की मांग को लेकर कांग्रेस लगातार प्रदर्शन कर रही है. वहीं अब उत्तराखंड रीजनल पार्टी ने भी टोल प्लाजा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. दोनों ही राजनीतिक दलों को एयरपोर्ट टैक्सी यूनियन से जुड़े सैकड़ों टैक्सी चालकों ने अपना समर्थन देकर आंदोलन को ओर भी मजबूत करने का काम किया.
दरअसल, हाल में लच्छीवाला टोल प्लाजा में डंपर की टक्कर से दो लोगों की मौत के बाद टोल प्लाजा को हटाने की मांग की जा रही है. कांग्रेस के साथ ही कई स्थानीय लोग भी हटाने की मांग कर रहे हैं. लोगों का कहना है कि टोल प्लाजा में कई हादसे हो चुके हैं. जिस कारण कई मासूम लोगों की जान जा चुकी है. वहीं रविवार को कॉंग्रेस और उत्तराखंड रीजनल पार्टी ने टोल प्लाजा पर धरना प्रदर्शन कर आर-पार की लड़ाई लड़ने का ऐलान किया.
धरने धरना स्थल पर पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि. यह टोल बैरियर मानक के विपरीत है. अधिक ढलान होने के कारण यहां पर आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं. वह इस मामले को लेकर जिलाधिकारी और हाईवे अथॉरिटी के अधिकारियों से वार्ता करेंगे.
वहीं कांग्रेस के नेताओं ने आरोप लगाया कि टोल प्लाजा हादसों का टोल बन चुका है.साथ ही यह हाथी कॉरिडोर क्षेत्र में बनाया गया है. जहां आए दिन हाथी रोड क्रॉस करते हैं. इसके अलावा गढ़वाल से आने वाले लोग मात्र 5 किलोमीटर ही इस हाईवे का इस्तेमाल करते हैं. जबकि उनसे पूरा टोल वसूला जाता है. जो कि नियम विरुद्ध है. अगर टोल प्लाजा जल्द यहां से हटाया नहीं गया तो कांग्रेस आंदोलन को उग्र रूप देने पर मजबूर होगी.