ऋषिकेश: उत्तराखंड के पहाड़ी रास्तों और नदियों के किनारे वेकेशन मनाने आए एक परिवार की खुशियां उस समय मातम में बदल गईं, जब गंगा किनारे सेल्फी लेते समय एक दर्दनाक हादसा हो गया. कोड़ियाला स्थित एक होटल के पास गंगा नदी के तेज बहाव में गाजियाबाद का एक पर्यटक बह गया. पत्नी और मासूम बेटी की आंखों के सामने अपनों को डूबता देख परिवार में चीख-पुकार मच गई.
पुलिस के मुताबिक, 6 जून को गाजियाबाद और फरीदाबाद से दो दोस्तों के परिवार उत्तराखंड घूमने आए थे. दोनों परिवार कौड़ियाला के एक होटल में ठहरे हुए थे. शाम के वक्त मौसम खुशनुमा था, तो दोनों परिवार होटल के नीचे गंगा घाट के किनारे टहलने और तस्वीरें खींचने चले गए. जब पूरा परिवार गंगा की लहरों को बैकग्राउंड में रखकर परफेक्ट सेल्फी लेने की कोशिश कर रहा था, तभी अचानक गाजियाबाद निवासी 43 वर्षीय आशीष जैन का पैर फिसल गया.
गंगा का वेग इतना तेज था कि संभलने का मौका तक नहीं मिला और आशीष देखते ही देखते उफनती गंगा की लहरों में खो गए. होटल के स्टाफ उपेंद्र राणा ने बताया कि हादसा इतना अचानक हुआ कि किसी को कुछ समझ ही नहीं आया. चीख-पुकार मचने के बाद तुरंत आपातकालीन नंबर 112 के जरिए पुलिस को सूचना दी गई. सूचना मिलते ही पुलिस चौकी बछेलीखाल से भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा. मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एसडीआरएफ को बुलाया गया. अंधेरा होने के बावजूद एसडीआरएफ की टीम ने बिना वक्त गंवाए गंगा नदी में राफ्ट उतारी और सर्च ऑपरेशन शुरू किया.
चौकी प्रभारी दीपक लिंगवाल बताया कि, पुलिस और रेस्क्यू टीमें लगातार नदी के बहाव की दिशा में सर्चिंग कर रही है. घटना की जानकारी गाजियाबाद में बूढ़े मां-बाप को दे दी गई है. परिजन ऋषिकेश के लिए निकल चुके हैं. आशीष जैन गाजियाबाद के कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं.