उत्तराखंड में अवैध रूप से संचालित मदरसों के खिलाफ सरकार की कार्रवाई लगातार जारी है. इसी क्रम में गुरुवार को उधमसिंह नगर और हरिद्वार जिले में 18 मदरसों को सील किया गया है. जिसमें से उधमसिंह नगर में 16 और हरिद्वार जिले में 2 मदरसों पर सीलिंग की कार्यवाही की गई है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले ही इस बात पर जोर दे चुके हैं कि प्रदेश के मूल स्वरूप के साथ छेड़छाड़ और धर्म की आड़ में अवैध रूप से धंधा चलाने वाले लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. जिसके तहत उत्तराखंड में अभी तक 110 मदरसों को सील किया जा चुका है.
प्रदेश में पिछले एक महीने से ही प्रशासन की ओर से अवैध मदरसों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है. जिन मदरसों को सील किया जा रहा है वह मदद से बिना सरकार की अनुमति के ही संचालित किया जा रहे थे. शुरुआती दौर में राज्य सरकार की ओर से इन मदरसों को पहले चेतावनी भी दी गई थी लेकिन अब उत्तराखंड सरकार ने अवैध रूप से संचालित मदरसों के खिलाफ सख्त रुख अख्तियार कर लिया है. साथ ही इन मदरसों पर कार्रवाई किए जाने को लेकर प्रशासन को खुली छूट दे दी. जिसका व्यापक असर भी देखने को मिल रहा है.
प्रदेश में पिछले एक महीने से अवैध मदरसों के खिलाफ व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है. प्रशासन ने इस बात की भी जांच शुरू कर दी है कि इतने बड़े पैमाने पर संचालित हो रहे इन अवैध मदरसों के पीछे किसका हाथ है. यहां पर छात्रों को किस प्रकार की तालीम दी जा रही थी. गुरुवार को रुद्रपुर में 4, किच्छा में 8, बाजपुर तीन, जसपुर एक और हरिद्वार में दो मदरसों को सील किया गया है. इससे पहले देहरादून, पौड़ी में भी बड़े स्तर पर अवैध मदरसों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 92 मदरसों को सील किया जा चुका है.